मानव शरीर तंत्र, रोग और विटामिन
प्रमुख शरीर तंत्र
- पाचन – पाचन मुँह में शुरू होता है (लार एमाइलेज); अधिकांश अवशोषण छोटी आँत में। यकृत सबसे बड़ी ग्रंथि है और पित्त बनाता है।
- परिसंचरण – हृदय में 4 कक्ष; धमनियाँ रक्त हृदय से दूर, शिराएँ हृदय की ओर ले जाती हैं। सामान्य रक्तचाप ≈ 120/80 mm Hg।
- श्वसन – फेफड़ों की वायुकोष्ठिकाओं में गैस विनिमय।
- तंत्रिका – मस्तिष्क, मेरुरज्जु, तंत्रिकाएँ; न्यूरॉन मूल इकाई।
विटामिन और कमी से रोग
| विटामिन | कमी से रोग |
|---|---|
| A | रतौंधी |
| B1 | बेरी-बेरी |
| C | स्कर्वी |
| D | रिकेट्स |
| K | रक्त का थक्का न जमना |
कारण के अनुसार रोग
जीवाणु: क्षय रोग, हैजा, टाइफाइड। विषाणु: COVID-19, पोलियो, खसरा, एड्स। प्रोटोज़ोआ: मलेरिया (प्लाज़्मोडियम, मादा एनोफिलीज़ द्वारा)।
परीक्षा टिप्स
- विटामिन D धूप में त्वचा में बनता है।
- सर्वदाता: O नेगेटिव; सर्वग्राही: AB पॉज़िटिव।
उदाहरण से समझें
मानव शरीर एक सुव्यवस्थित रेलवे नेटवर्क जैसा है। हृदय मुख्य पंपिंग स्टेशन है, रक्त वाहिकाएँ पटरियाँ हैं, रक्त कोशिकाएँ ऑक्सीजन और भोजन ले जाने वाली ट्रेनें हैं, और मस्तिष्क केंद्रीय नियंत्रण कक्ष है जो तंत्रिका 'केबलों' से संकेत भेजता है।
इस पाठ के टेस्ट
- Human Body Systems, Diseases and Vitamins practice
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